गंदे नाले का पानी पीने को मजबूर ग्रामीण



Villagers  drink dirty drain water सरकार विकास के लाख दावे कर ले पर आज भी कई गांवों में ग्रामीणों को  मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में विकासखंड भरतपुर के ग्राम पंचायत जुइली के एक पारा के लगभग  35 परिवार के लोग कई वर्षों से साफ पानी पीने को तरस रहे हैं। गंदे पानी पीने से ग्रामीणों को कई बीमारियों का सामना करना पड़ता है। स्थानीय ग्रामीणों को पीने के लिए दो किलोमीटर दूर से पानी लाना पड़ता है।ग्रामीणों का कहना है कि कई बार सरपंच, सचिव को औगत करवाया गया है लेकिन कोई ध्यान नहीं देते हैं।

लिखित में की शिकायत

वहीं जब इस मामले में सरपंच से बात कि तो सरपंच का कहना था कई बार लिखित में शिकायत करने पर भी समाधान नहीं हो पाया है और हैंडपंप की मरम्मत कार्य भी होती है लेकिन बार-बार खराब हो जाती है। वहीं तहसीलदार विप्लव श्रीवास्तव ने बताया कि मुझे आपके द्वारा जानकारी मिली है जल्द ही मैं उस पारा की यथास्थिति देख कर पीएचई विभाग से बात कर निराकरण करवा लूंगा

साफ पानी के लिए जूझ रहे ग्रामीण

सब के अपने-अपने जबाब है कोई आश्वासन देता है कोई अपनी जिम्मेदारी भूल चुका है लेकिन आज भी 35 घर के करीब 150 लोग अभी भी पीने के लिए साफ पानी के लिए जूझ रहे हैं। अब हमने शासन प्रशासन तक बात पहुंचा दी है देखते हैं प्रशासन की नींद खुलती है या अब भी ग्रामीणों को समस्या का लगातार बना रहता है