डांडगांव में बाल विवाह मुक्त भारत अभियान एवं सुरक्षित बचपन अभियान की हुई शुरूआत



Jandhara Desk: प्रदेश में आज शबरी सेवा संस्थान द्वारा ग्राम पंचायत डाडगांव विकास खंड उदयपुर मे बाल विवाह मुक्त भारत अभियान की शुरूआत की गयी। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ शबरी सेवा संस्थान के प्रदेश सचिव सुरेन्द्र साहू  ने कहा कि आये दिन कहीं न कही बाल विवाह की घटना होती हैं , लेकिन प्रशासन के जानकारी में नही आने से कानूनी कार्यवाही नही हो पाती है। उनके जानकारी में आने पर पीड़ित को सरकारी योजना का लाभ भी मिलेगा एवं विवाह करने और कराने वालों को सजा भी मिलेगी।

बाल विवाह मुक्त भारत बनाने को लेकर छत्तीसगढ़ शबरी सेवा संस्थान लखनपुर जिला सरगुजा हमेशा तत्पर है और जिला प्रशासन के साथ कदम से कदम मिलाकर चल रही है । 16 अक्टूबर की शाम यह कार्यक्रम कि सुरूवात कर समाज से अंधकार मिटाने का प्रयास किया जा रहा है। सुरेन्द्र साहू ने कहा कि बाल विवाह के साथ बालिका का यौन शौषण और मानव तस्करी की रोकथाम भी जरूरी है। बाल विवाह होने से बच्चों के शारीरिक और मानसिक स्थिति पर कुप्रभाव पड़ती हैं। बाल विवाह से न सिर्फ लड़कियों पर बल्कि समाज और परिवार पर भी खराब असर होता है। उर्मिला शर्मा एवं पुनम सोनी ने इस अवसर पर कहा कि बाल विवाह से हो रहे नुकसान के बारे में समाज को बताना चाहिए और  कहा की कम उम्र में विवाह से बालिका शिक्षा और अर्थपूर्ण कार्यों से वंचित करता है।

राष्ट्रीय स्तर के इस अभियान को लेकर छत्तीसगढ़ सहित कई राज्यो में यह कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ शबरी सेवा संस्थान लखनपुर जिला सरगुजा द्वारा यह कार्यक्रम सरगुजा जिले के मांजा ,जमगला,पटकुरा जिला मुंगेली, रायपुर और सुरजपुर में कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है जहां पर बाल विवाह मुक्त भारत अभियान चलाया जा रहा है। इस दौरान सभी द्वारा नारा लगाया गया। डरो मत, बच्चों कि शादी करो मत, हम बच्चों का है। संदेश बाल विवाह मुक्त हो देश, हम बच्चों ने ठाना है बाल विवाह मिटाना है, हम बच्चों का है। विचार बाल विवाह मुक्त हो परिवार। इस दौरान कमला देवी, ममता दास, नमीता, विनिता, सपना चन्द्र कांति, देवन्ती साहू नीलमणि केश्पोट्टा,आर बी यादव,मोहन सिंह, अनिल एक्का मोतीलाल राजवाड़े आर के यादव, एनवाईवी आकाश साहू सहित महिला स्वयं सहायता समूह के महिलाएं शिक्षक छात्र छात्राएं उपस्थित रहे।