सार्वजनिक जगहों पर गणपति की स्थापना के लिए कैमरे-एंट्री जरूरी , August 07, 2020 at 06:02AM

इस बार 22 अगस्त से गणेशोत्सव का पर्व शुरू हो रहा है। कोरोनाकाल में गणेशजी की प्रतिमा स्थापित करने से पहले 27 शर्तों का पालन करना जरूरी होगा। इसके बाद ही मूर्ति स्थापित की जा सकेगी। कलेक्टर दीपक सोनी ने उन शर्तों की सूची के साथ आदेश भी जारी कर दिया है। इसमें मास्क, सोशल, फिजिकल डिस्टेंसिंग के साथ पंडालों में सीसीटीवी कैमरे व रजिस्टर में दर्शन करने आने वाले भक्तों की एंट्री अनिवार्य की गई है।

कोरोनाकाल में इस बार सार्वजनिक गणेश प्रतिमाओं की स्थापना में दंतेवाड़ा में कमी देखने को मिल सकती है। दंतेवाड़ा की सभी निकायों व ग्रामीण क्षेत्रों में 300 से ज़्यादा सार्वजनिक जगहों पर गणेश प्रतिमा की स्थापना हर साल होती है। इस बार समितियों में मूर्ति स्थापना को लेकर असमंजस है। कलेक्टर दीपक सोनी ने बताया कि कोरोना संक्रमण के कारण मूर्ति स्थापना व विसर्जन के लिए नियम व शर्ते तय की गई है।

गोबर व मिट्टी की ही प्रतिमाएं बनाने का सुझाव

हाल ही में कलेक्टर दीपक सोनी ने मूर्तिकारों की बैठक लेकर गोबर व मिट्टी के ही गणेश की मूर्ति बनाने का सुझाव दिया था। इस बार मूर्तिकार भी गणेश प्रतिमाओं को बनाने असमंजस में हैं। कइयों ने तो अब तक मूर्तियां बनाने का काम भी शुरू नहीं किया है। सार्वजनिक गणेशोत्सव समिति के पदाधिकारी विवेक सिंह सहित अन्य ने बताया कि हर साल प्रतिमा बनाने का ऑर्डर महीनेभर पहले ही दे देते थे। इस बार प्रशासन के आदेश का इंतजार था। कोरोना के कारण नियमों का पालन जरूरी है। ऐसे में समिति के सदस्यों के सुझाव के बाद ही तय होगा कि इस बार प्रतिमा स्थापित की जाएगी या नहीं।

इन शर्तों का पालन करना जरूरी

मूर्ति की ऊंचाई व चौड़ाई 4X4 फीट, पंडाल का आकार 15X15 फीट से अधिक न हो।मंडप/पंडाल के सामने दर्शकों के बैठने के लिए पंडाल, कुर्सी न हों।रजिस्टर में दर्शन के लिए आने वाले सभी व्यक्तियों का नाम, पता, मोबाइल नंबर दर्ज करना जरूरी, ताकि उनमें से कोई भी व्यक्ति कोरोना संक्रमित होने पर कान्टेक्ट ट्रेसिंग किया जा सके।

4 सीसीटीवी कैमरा लगाना जरूरी, ताकि कोई भी व्यक्ति कोरोना संक्रमित होने पर कान्टेक्ट ट्रेसिंग किया जा सके।यदि कोई व्यक्ति जो मूर्ति स्थापना स्थल पर जाने के कारण संक्रमित हो जाता है तो इलाज का सम्पूर्ण खर्च मूर्ति स्थापना करने वाला व्यक्ति अथवा समिति द्वारा किया जाएगा।

कंटेनमेंट जोन में मूर्ति स्थापना की अनुमति नहीं होगी। यदि पूजा की अवधि के दौरान भी उपरोक्त क्षेत्र कंटेनमेंट क्षेत्र घोषित हो जाता है तो तत्काल पूजा समाप्त करनी होगी।सार्वजनिक भोज, भंडारा, जगराता, सांस्कृतिक कार्यक्रम, वाद्य यंत्र, ध्वनि विस्तारक यंत्र, डीजे बजाने की अनुमति नहीं होगी।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3ih7fQJ

0 komentar