शहर के 10 थाने सील, शिकायत करने नहीं पहुंच रहे हैं लोग , September 07, 2020 at 06:15AM

कोरोना की वजह से राजधानी की पुलिसिंग अस्त-व्यस्त होने लगी है। पिछले 3 माह में रायपुर के 10 थाने स्टाफ के कोरोना पाजिटिव अाने की वजह से सील हो चुके हैं। इनमें से 9 को सेनिटाइज करने और पूरे स्टाफ के टेस्ट के बाद खोला गया है, लेकिन अभी डीडीनगर थाना सील है, जहां 32 में से 22 कर्मचारी पाजिटिव निकल गए हैं, जिनमें एक वेंटिलेटर पर हैं। शहरी पुलिस के ही अफसरों-कर्मचारियों को मिलाकर 80 से ज्यादा लोग पाजिटिव हो चुके हैं।

राजधानी में डीडी नगर के अलावा मंदिर हसौद, धरसींवा, तेलीबांधा, पुरानी बस्ती, आजाद चौक, मौदहापारा, कबीर नगर, उरला और आरंग सील हो चुके है। इसके अलावा एसएसपी ऑफिस की एक शाखा भी सील करनी पड़ी थी। पुराने और नए पुलिस मुख्यालय की कई शाखाएं, इंटेलिजेंस बिल्डिंग, एसआईबी, पुलिस हाउसिंग कार्पोरेशन, एसीबी-ईओडब्ल्यू का ऑफिस तक सील हो चुका है। पुलिस की कई कालोनियां सील हुई हैं। सिविल लाइन थाने में भी दो दिन पहले 11 कर्मचारी संक्रमित पाए गए थे। गोलबाजार में 6, मौदहापारा में 3 और खमतराई में 2 कर्मचारी पाजिटिव मिल चुके हैं।

शिकायतें भी एक-चौथाई ही

मंगलवार को सील हुए डीडी नगर थाने का काम पुरानी बस्ती और सरस्वती नगर थाने से किया जा रहा है। क्योंकि दोनों ही थाने डीडी नगर के सीमा से लगे थाने है। दोनों थानों में दो दिन में 6 रिपोर्ट आई है। ये मारपीट और गुमशुदा वाली हैं। जबकि डीडी नगर थाने में रोज 12-13 रिपोर्ट आती थी। रोज लगभग 6 से ज्यादा एफआईआर होता था। कोरोना के कारण रिपोर्ट में कमी आई है।

पुलिस अधिकारी के अनुसार थाना सील होने की सूचना इलाके में तेजी से फैल जाती है और घबराकर लोग रिपोर्ट लिखवाने भी नहीं आ रहे हैं। हालांकि पुलिस का यह भी दावा है कि कोरोना काल में अपराधों में कमी आई है। यहां तक कि कंट्रोल में रूम में भी अभी केवल मारपीट या गुम इंसान की ही शिकायतें ज्यादा हैं, बाकी शिकायतें कम हो गई हैं। लोगों को थाना प्रभारी के नंबर बांटे गए हैं, लेकिन लोग फोन नहीं कर रहे।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/338aLH2

0 komentar