लोगों से व्यापारियों तक अधिकांश नहीं चाहते लाॅकडाउन, सिर्फ सरकारी कर्मचारियों का दबाव , September 28, 2020 at 06:14AM

राजधानी में 22 सितंबर से शुरू हुआ लॉकडाउन सोमवार यानी 28 सितंबर की शाम को खत्म हो जाएगा। लॉकडाउन खत्म किया जाए, इसे बढ़ाया जाए या नहीं अथवा अनलाॅक की दशा में किस तरह की सख्ती की जाए, इस पर औपचारिक फैसला सोमवार को प्रभारी मंत्री रविंद्र चौबे के साथ प्रशासनिक अफसरों की बैठक में लिया जाएगा। इधर, ऐसा पहला मौका है जब राजधानी के लगभग सभी कारोबारी संगठनों ही नहीं, अधिकांश लोगों ने इस बार लाॅकडाउन पर असहमति जताई है। छत्तीसगढ़ चैंबर, कैट, फिक्की समेत सभी व्यापारिक संगठनों ने दो-टूक कह दिया है कि लाॅकडाउन उनसे चर्चा करके नहीं लगाया गया और इसे खत्म करना चाहिए। लेकिन सरकारी कर्मचारी अब भी दफ्तर शुरू करने के मूड में नहीं हैं। मंत्रालयीन कर्मचारियों ने स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव को ज्ञापन भेजकर इसे सात दिन और बढ़ाने की मांग कर दी है।
इस बार के लॉकडाउन को लेकर पहले ही दिन से कारोबारियों तथा आम लोगों की राय पक्ष में नहीं है। उनका कहना है कि लाॅकडाउन की अवधारणा पर पूरी दुनिया में सवाल उठ चुके हैं। इसके बदले में सभी जगह मास्क, सेनिटाइजर, सोशल और फिजिकल डिस्टेसिंग पर ज्यादा जोर देना चाहिए। राजधानी के पंडरी थोक कपड़ा बाजार के अध्यक्ष चंदर विधानी, सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष हरख मालू, मालवीय रोड व्यापारी संघ के अध्यक्ष तरल मोदी, छत्तीसगढ़ मोबाइल एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश वासवानी, एमजी रोड व्यापारी संघ, रेस्टोरेंट एसोसिएशन के अध्यक्ष शफीक अहमद, गोलबाजार व्यापारी संघ समेत अधिकतर संगठनों ने लॉकडाउन बढ़ाने जाने का विरोध किया है। इन सभी व्यापारिक संगठनों का कहना है कि लॉकडाउन के पहले कारोबार धीरे-धीरे पटरी में आ रहा था। ऐन वक्त पर फिर लाॅकडाउन करके कारोबार को पीछे कर दिया गया। अभी नवरात्रि से त्योहारी सीजन शुरू होने वाला है। इसके बाद विवाह मुहूर्तों का भी संयोग बन रहा है। ऐसे में लॉकडाउन को बढ़ाया जाता है तो रायपुर की अर्थव्यवस्था चौपट होने की आशंका है।

लॉकडाउन बढ़ाने मंत्रालय संघ, कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन का सीएम को पत्र
छत्तीसगढ़ कर्मचारी- अधिकारी फेडरेशन और मंत्रालय कर्मचारी संघ ने राज्य सरकार से लॉकडाउन को 7 दिन और बढ़ाने की मांग की है। फेडरेशन ने सीएम भूपेश बघेल को इस संबंध में पत्र लिखा है। दूसरी तरफ, मंत्रालय कर्मचारी संघ ने भी मुख्यमंत्री के साथ ही स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव, सीएस आरपी मंडल को ज्ञापन भेजकर लॉकडाउन बढ़ाने की मांग की है। फेडरेशन का कहना है कि प्रदेश में कोरोना तेजी से बढ़ रहा है। शासकीय कार्यालयों में लोगों का आवागमन बहुत ज्यादा होता है। ऐसे में न चाहते हुए भी कर्मचारी व अधिकारी लोगों के संपर्क में आकर संक्रमित हो रहे हैं। फेडरेशन ने लिखा है कि कोविड 19 की चेन तोड़ने के लिए 14 दिन का समय लगता है। इसलिए सरकार को 7 दिन का लॉकडाउन पुनः लगाना चाहिए। दूसरी तरफ, मंत्रालय संघ के अध्यक्ष कीर्ति वर्धन उपाध्याय तथा संघ के पदाधिकारी मनोज साहू, तीरथराम साहू, महेन्द्र सिंह राजपूत, हीराचंद बघेल और संतोष का कहना है कि मंत्रालय सहित प्रदेश के विभिन्न कार्यालयों में कोरोना से बचाव के लिए क्या उपाय और तैयारी की गई है।
इसे अभी तक नहीं बताया गया है। मंत्रालय सहित नया रायपुर के विभिन्न कार्यालयों में 400 से अधिक कर्मचारी- अधिकारियों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। 7 कर्मचारी की मौत भी हो चुकी है। संघ ने कोरोना की चेन तोड़ने 7 दिनों तक लॉक डाउन बढ़ाने और सरकार के निर्देशों का कड़ाई से पालन करने के लिए मंत्रालय सहित सभी कार्यालयों में वरिष्ठ अधिकारी की ड्यूटी लगाने की भी मांग की है।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
तस्वीर रायपुर के संतोषी नगर चौक की है।


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/342RM1g

0 komentar