खस्ताहाल सड़क को लेकर जनप्रतिनिधियों के साथ बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने रोक दिया कोल परिवहन , October 25, 2020 at 05:34AM

सड़क की खस्ता हालत को लेकर शनिवार को मंत्री प्रतिनिधि कुमार सिंहदेव, शक्कर कारखाने के अध्यक्ष विद्यासागर सिंह की अगुवाई में ग्रामीणों ने कोल परिवहन रोककर विरोध प्रदर्शन किया।

इस दौरान महान-टू और महान 3 में जाने वाले वाहनों के पहिए थमे रहे। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि एसईसीएल प्रबंधन सड़कों को ठीक कराने की बजाय सिर्फ आश्वसन देता आ रहा है।


पिछले कई सालों से पंपापुर के ग्रामीण खराब सड़कों को ठीक कराने को लेकर आवाज उठा रहे हैं। मंत्री प्रतिनिधि ने कहा ग्रामीणों को अंधेरे में रखकर उनकी जान से खिलवाड़ किया जा रहा है। एसईसीएल द्वारा महान-टू खदान से पंपापुर चौक तक रोजाना 8 घंटे तक पानी छिड़काव किया जाना था।

पहले में कुछ महीने पानी छिड़काव किया, लेकिन पिछले कई महीनों से कोल परिवहन मार्ग में पानी छिड़काव बंद है। एक तरफ कोरोना महामारी से लोग परेशान हैं तो दूसरी तरफ एसईसीएल की लापरवाही से बस्ती में पानी छिड़काव नहीं होने से लोग धूल की वजह से सांस की बीमारियों से पीड़ित हो रहे हैं।

अगले माह शक्कर कारखाना का पेराई सत्र चालू हो जाएगा, सड़क ठीक नहीं हुई तो परेशानी बढ़ेगी। कारखाना अध्यक्ष विद्यासागर सिंह ने कहा कि 2 महीने पहले कारखाना परिसर में प्रतापपुर एसडीएम की उपस्थिति में एसईसीएल प्रबंधन के साथ मीटिंग हुई थी।

इसमें इन समस्याओं के निराकरण का आश्वासन दिया गया था, लेकिन स्थिति जस की तस है। विरोध-प्रदर्शन के दौरान कुमार सिंह देव, शक्कर कारखाना अध्यक्ष विद्यासागर सिंह, प्रतापपुर तहसीलदार, एसईसीएल सब एरिया मैनेजर आरएस गुप्ता, चौकी प्रभारी विमलेश सिंह, आरआई गौरी शंकर, मंगल सिंह, श्यामलाल सिंह, मनीष सिंह, तुलेश्वर केहरी, विशाल मिश्रा, कृष्णकांत पांडे व ग्रामीण मौजूद थे।

लॉकडाउन के कारण पूरा नहीं करा पाए थे काम: गुप्ता

सब एरिया मैनेजर आरएस गुप्ता ने बताया कि लॉकडाउन के कारण काम पूरा नहीं हो पाया है। इस कारण ये समस्या आ रही है। जल्द ही अधूरे काम को पूरा करा लेंगे। एप्रोच रोड का काम शुरू करा दिया है। बाकी जगहों पर 28 अक्टूबर के बाद काम शुरू करवाया जाएगा।

कंट्रोल ब्लास्टिंग नहीं होने से हो रही परेशानी:

इस दौरान खदानों में ब्लास्टिंग हो रहे नुकसान का मामला भी उठा कुछ महीने पहले भारी ब्लास्टिंग की वजह से शक्कर कारखाना परिसर में तीव्र कंपन की वजह से शक्कर की बोरियां एक मजदूर के ऊपर गिर जाने से उसकी मौत हो गई थी।

वहीं आसपास के गांवों में खेतों में लगे बोर धंस जा रहे हैं। घरों में दरारे आ गई हैं। इसका सबसे अधिक असर शुगर मिल में दिख रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि एक निश्चित पैमाने की तीव्रता तक का कंपन ही कारखाने के लिए सुरक्षित रहेगा।

आश्वासन पर खत्म हुआ विरोध-प्रदर्शन
विरोध-प्रदर्शन एसईसीएल के सभी समस्याओं के निराकरण के आश्वासन पर समाप्त हुआ। एसईसीएल प्रबंधक ने कहा है कि महान नदी पर बने रपटे में मरम्मत और पानी छिड़काव का कार्य आज ही शुरू कर दिया जाएगा। वहीं सड़क निर्माण का कार्य 28 अक्टूबर से शुरू किया जाएगा।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Large number of villagers stopped coal transport with public representatives regarding the decaying road


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3oz4Pku

0 komentar