43 दिन बाद भी लापता लड़की का पता नहीं लगा पाई लवन पुलिस…… खोजने की गुहार लगा-लगा कर परिजन परेशान…. क्या सिर्फ हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं जिम्मेदार….. पढ़िए अपहरण से पीड़ित परिवार की व्यथा कथा और पुलिस की नाकामी।


बलोदाबाजार/ जनसंवाद न्यूज़/
लवन चौकी क्षेत्र से महज 5 किलोमीटर दूर एक गांव से एक 17 वर्षीय लड़की अचानक लापता हो गई। मां बाप हैरान-परेशान इधर-उधर खोजते भटकते रहे। और पुलिस को भी तत्काल सूचना दी किंतु पुलिस में कहीं गई होगी वापस आ जाएगी का कर परिजनों को बैरंग वापस घर लौटा दिया। जिससे जिम्मेदार पुलिस अधिकारी का नाकाम चेहरा उजागर हुआ है। कसडोल थाना क्षेत्र अंतर्गत सिर्फ अगस्त महीने में कुल 8 महिला संबंधित अपराध दर्ज हुए हैं। जोकि संवेदनशील अपराध की श्रेणी में है। इसमें पांच व्यपहरण के मामले हैं। जबकि तीन मामलों में छेड़छाड़ और बलात्कार से संबंधित है। लवण पुलिस चौकी क्षेत्र में घटित अपराध क्रमांक 0623/ 22 के मामले में परिजन बेहद परेशान हैं लवण पुलिस चौकी अंतर्गत मामला दर्ज कराने के बाद परिजनों ने इधर-उधर और पता तलाश की किंतु जब बेटी कहीं नहीं मिली तो परेशान होकर दूसरे दिन पुलिस चौकी लावन पहुंचे और एफ आई आर दर्ज कराई। पहले तो पुलिस में उन्हें इंतजार करने के लिए कहा और दूसरे दिन बुलाया। परिजन रिपोर्ट दर्ज करने की जिद करते रहे किंतु पुलिस ने घर वापस भेज दिया। यदि पुलिस तत्काल कदम उठाती तो शायद लापता लड़की मिल सकती थी किंतु पुलिस के हीलाहवाला से मां-बाप को सिर्फ निराशा हाथ लगी। मायूस होकर मां बाप और भाई घर वापस लौट आए। दो अगस्त को लवन चौकी में धारा 363 के तहत मामला पंजीबद्ध किया गया। किंतु तिरालिस दिन बीतने के बाद भी लवन पुलिस चौकी के जिम्मेदार लड़की को खोज पाने में नाकाम साबित हुए हैं। जिससे परिजन बेहद निराश हैं और काफी चिंतित हैं। बेटी के गायब होने के चलते पिता का स्वास्थ्य भी खराब होता जा रहा है। आखिर बेटी को क्या हुआ….. यह चिंता परिजनों को सताए जा रही है। सवाल यह है कि बेटी कहीं अपनी मर्जी से गई…. या फिर उसे किसी ने उसे किडनैप कर लिया या उसके साथ अन्य कोई अनहोनी घटना घट गई। इसका सिर्फ कयास लगाया जा रहा है। अभी तक लड़की बरामद नहीं की जा सकी है। जिसके चलते पुलिस की छवि पर सवालिया निशान उठे। और माता पिता का भरोसा टूट रहा है। देखना है इस समाचार को पढ़ने के बाद पुलिस हरकत में आती है या नहीं और लड़की को बरामद करने में सफलता पाती है या नहीं।